-
999
छात्र -
961
छात्राएं -
68
कर्मचारीशैक्षिक: 65
गैर-शैक्षिक: 3
परिकल्पना
- के. वि. सं. उच्च गुणवत्ता वाले शैक्षिक प्रयासों के माध्यम से उत्कृष्टता प्राप्त करने के लिए अपने छात्रों को ज्ञान/मूल्य प्रदान करने और उनकी प्रतिभा, उत्साह और रचनात्मकता का पोषण करने में विश्वास रखता है।
उद्देश्य
- शिक्षा का एक सामान्य कार्यक्रम प्रदान करके रक्षा और अर्ध-सैन्य कर्मियों सहित स्थानांतरणीय केंद्र सरकार के कर्मचारियों के बच्चों की शैक्षिक आवश्यकताओं को पूरा करना है।
- स्कूली शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्टता हासिल करने और गति निर्धारित करने के लिए।
- केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) और राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (एनसीईआरटी) आदि जैसे अन्य निकायों के सहयोग से शिक्षा में प्रयोग और नवाचारों को शुरू करना और बढ़ावा देना।
- राष्ट्रीय एकता की भावना का विकास करना और बच्चों में “भारतीयता” की भावना पैदा करना।

विद्यालय के बारे में
उत्पत्ति
पीएम श्री केन्द्रीय विद्यालय विकास पुरी ने 1986 में 4.5 एकड़ भूमि में कक्षा V तक के लिए तंबू बनाकर एक विनम्र पहल की। केन्द्रीय विद्यालय विकास पुरी दिल्ली राज्य में पश्चिमी दिल्ली जिले के हास्टल गांव में स्थित सिविल सेक्टर स्कूल है।शुरुआत में, इसमें छात्रों की संख्या के साथ केवल पहली पाली थी।
विद्यालय के दृष्टिकोण के बारे में
हमारा दृष्टिकोण छात्रों को ज्ञान और कौशल हासिल करने, प्रदर्शित करने और महत्व देने के लिए सशक्त बनाना है और उन्हें लगातार विकसित होने वाली पाठ्यचर्या और सह-पाठयक्रम गतिविधियों से परिचित कराकर उनके क्षितिज का पता लगाना और उसका विस्तार करना है। सीखने के कई रास्तों के माध्यम से उनकी क्षमता को पहचानना और उसका लाभ उठाना।
विद्यालय के उद्देश्य के बारे में
हमारा मिशन समावेशी और व्यावसायिक शिक्षा पर जोर देने के साथ विविध पृष्ठभूमि के बच्चों को मजबूत शैक्षणिक नींव के साथ एक सुरक्षित, सामंजस्यपूर्ण, उत्तेजक और बौद्धिक रूप से चुनौतीपूर्ण वातावरण प्रदान करना है और गहरी जड़ों वाले मूल्यों और चिंता के साथ विचारशील, जिम्मेदार और कुशल व्यक्तियों का एक समुदाय बनाना है।
संदेश
श्री विकास गुप्ता, भा. प्र. से., आयुक्त
शिक्षक दिवस 2026 के अवसर पर मैं देश के समस्त शिक्षक समुदाय को अपनी हार्दिक शुभकामनाएँ प्रेषित करता हूँ।
आज जब शिक्षा का क्षेत्र तीव्र गति से परिवर्तन के दौर से गुजर रहा है, तब भी शिक्षण की मूल भावना और उसका सार शाश्वत है। देशभर के केन्द्रीय विद्यालयों में हमारे शिक्षक पूर्ण समर्पण, प्रतिबद्धता और अटूट उत्साह के साथ शिक्षा के उद्देश्य को आगे बढ़ा रहे हैं।
श्री वरुण मित्र
उपायुक्त
तेज़ी से हो रही तकनीकी प्रगति और अभूतपूर्व बदलावों के इस दौर में, शिक्षा केवल ज्ञान हासिल करने तक सीमित नहीं है; यह चरित्र, रचनात्मकता, क्षमता और संवेदना को विकसित करने का माध्यम है। केंद्रीय विद्यालय संगठन, क्षेत्रीय कार्यालय दिल्ली, उत्कृष्टता के प्रति अपनी अटूट प्रतिबद्धता के साथ, एक प्रगतिशील, समावेशी और जागरूक भारत की ओर बढ़ने का प्रयास कर रहा है। केंद्रीय विद्यालय हमेशा से ही सीखने, अनुशासन, विविधता और राष्ट्रीय एकता के जीवित उदाहरण रहे हैं, जहाँ पढ़ाई-लिखाई में बेहतरीन प्रदर्शन के साथ-साथ खेल, कला, संस्कृति, टेक्नोलॉजी और जीवन-कौशल पर भी ध्यान दिया जाता है। हमारी कोशिश ऐसे नागरिक तैयार करने की है जो आत्मविश्वासी, संवेदनशील, मुश्किलों का सामना करने वाले, ज़िम्मेदार और भविष्य के लिए तैयार हों। इस सोच को ध्यान में रखते हुए, हमारे विद्यालय, शिक्षा का ऐसा श्रोत हैं जहाँ बच्चे सवाल पूछतें है , प्रयोग करते है , नई चीज़ें खोजते है , मिलकर काम करते है और कुछ नया सिखते और बनाते हैं । नई टेक्नोलॉजी नन्ही सोंच को सीखने में मदद करती है और शिक्षक मार्गदर्शक की भूमिका निभाते है जो शिक्षार्थी को ज्ञान और उनके सपनों को कामयाबी में बदलने के लिए प्रेरित करते है। शिक्षक भविष्य के निर्माता और बदलाव लाने वाले होते हैं। नई शिक्षा निति 2020 के लक्ष्यों को पूरा करने के लिए उनका लगातार प्रोफेशनल डेवलपमेंट, पढ़ाने का नया और अनोखा तरीका और हर सीखने वाले के प्रति समर्पण बहुत ज़रूरी है। जैसे-जैसे हम ‘विकसित भारत’ के विज़न की ओर बढ़ रहे हैं, आइए हम हर केंद्रीय विद्यालय को क्रिएटिविटी, अच्छे चरित्र और क्षमता का केंद्र बनाने का संकल्प लें, जहाँ हर बच्चा अपनी काबिलियत को पहचाने और हर शिक्षक बदलाव लाने के लिए प्रेरित करने में सक्षम हो। आइए, हम पूरे विश्वास, सहयोग और प्रतिबद्धता के साथ मिलकर एक ऐसा शैक्षिक माहौल बनाएं जहाँ हर सीखने वाला आगे बढ़ सके, हर प्रतिभा को निखरने का मौका मिले,हर सपने को सही दिशा मिले और वह सफलता के नए शिखरों को छुएँ। केन्द्रीय विद्यालय संगठन एक समृद्ध, प्रेरणादायी एवं समावेशी शिक्षण वातावरण प्रदान करता है, जहाँ विद्यार्थी अपने सपनों को साकार करने, अपनी प्रतिभा को निखारने तथा ज्ञान, कौशल और मूल्यों से सुसज्जित होकर अपने उज्ज्वल भविष्य को आकार देने के लिए निरंतर प्रेरित होते हैं। मैं, सभी विद्यार्थियों के उज्ज्वल, सफल एवं सार्थक भविष्य की हार्दिक मंगलकामना करता हूँ। वे लगातार सीखते रहें, आगे बढ़ें, बेहतरीन प्रदर्शन करें और देश के विकास में सार्थक योगदान दें। जय हिंद!
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श्रीमती पूनम जैन
प्रधानाचार्य
आपमें से एक के रूप में, मैं हमारे सामने आने वाले सबसे कठिन और चुनौतीपूर्ण कार्य को समझता हूं और उसकी सराहना करता हूं। एक बच्चे के भाग्य को आकार देना हममें से प्रत्येक के लिए बहुत गर्व की बात है। शिक्षा का मुख्य उद्देश्य प्रत्येक व्यक्ति में दोहरे सामंजस्य की स्थापना करना है - अपने स्वयं के भीतर सद्भाव और दुनिया में अन्य जीवित प्राणियों के साथ सद्भाव। इसलिए हमारा लक्ष्य हमेशा पाठ्यचर्या और सह-शैक्षिक गतिविधियों के माध्यम से व्यक्तित्व संवर्धन रहा है। शिक्षण एक कैरियर या पेशे से कहीं अधिक है। यह (शिक्षण) एक बच्चे को एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में ढालने और आकार देने की सबसे कठिन जिम्मेदारी है। मुझे यकीन है कि मेरे छात्र समाज के उत्पादक, बुद्धिमान और ईमानदार नागरिक बनेंगे। वांछित परिणाम प्राप्त करने के लिए माता-पिता की सक्रिय भागीदारी और सहयोग अत्यंत आवश्यक होगा। हम उत्कृष्टता के नए आयाम तलाशने के लिए पूरे उत्साह के साथ प्रयास करते हैं ताकि हमारे छात्र आत्म-संयमी बन सकें और प्रतिस्पर्धा के वर्तमान युग में शानदार प्रदर्शन कर सकें।
और पढ़ेंअद्यतनीकरण
चीजों का अन्वेषण करें
शैक्षणिक योजनाकार
शैक्षणिक गतिविधियों का मासिक कैलेंडर सत्र 2025-26 के लिए
शैक्षिक परिणाम
सीबीएसई कक्षा दसवीं औरबारहवीं और कक्षा प्रथम से नवमी और ग्यारवी का परिणाम
बाल वाटिका
इस विद्यालय में अभी तक बाल वाटिका प्रारंभ नहीं हुई है।
निपुण लक्ष्य
समझदारी और संख्यात्मकता के साथ पढ़ने में प्रवीणता के लिए राष्ट्रीय पहल|
शैक्षणिक हानि कार्यक्रम का मुआवजा (सीएएलपी)
शैक्षणिक हानि वसूली योजना |
अध्ययन सामग्री
दसवीं और बारहवीं कक्षा के लिए अध्ययन सामग्री
कार्यशालाएँ एवं प्रशिक्षण
विद्यालय छात्रों और शिक्षकों के लिए विभिन्न प्रशिक्षण आयोजित करता है।
विद्यार्थी परिषद
छात्र नेताओं का समूह है जो स्कूल को प्रभावित करने के लिए काम करते हैं।
अपने स्कूल को जानें
यह हस्तसाल गांव में स्थित एक नागरिक क्षेत्र का स्कूल है।
अटल टिंकरिंग लैब
अटल टिंकरिंग लैब्स एक राष्ट्रीय स्तर का कार्यक्रम ट्रांसफॉर्मिंग इंडिया है।
डिजिटल भाषा लैब
यह एक मल्टीमीडिया-आधारित भाषा प्रयोगशाला प्रणाली है।
आईसीटी - ई-क्लासरूम एवं प्रयोगशालाएँ
सूचना प्रसारित , संग्रहीत या साझा करने वाली एक तकनीकी।
पुस्तकालय
पुस्तकालय पुस्तकों और संभवतः अन्य सामग्रियों और मीडिया का एक संग्रह है।
प्रयोगशालाएँ - भौतिकी/रसायन विज्ञान/जीवविज्ञान
वैज्ञानिक प्रयोगों के संचालन के लिए एक कार्यस्थल।
बिल्डिंग & BaLA पहल
यह स्कूल भवन के बुनियादी ढांचे में हस्तक्षेप के माध्यम से शिक्षा में गुणात्मक सुधार है।
खेल अवसंरचना (खेल के मैदान)
वॉलीबॉल, बॉल, ओपन जिम, गैस्ट्रल बॉल की सुविधा उपलब्ध है
एसओपी/एनडीएमए
आपदाओं पर प्रतिक्रिया के लिए मानक संचालन प्रक्रियाएँ।
खेल
विद्यालय में खेल दिवस मनाया गया।
एनसीसी/स्काउट एवं गाइड
भारत स्काउट्स एंड गाइड्स (बीएस एंड जी) भारत का राष्ट्रीय स्काउटिंग और गाइडिंग संघ है।
शिक्षा भ्रमण
हमारे विद्यालय के छात्रों ने सीएसआई-एनपीएल नई दिल्ली का दौरा किया।
ओलम्पियाड
असाधारण छात्रों को आकर्षित करने के लिए स्कूलों में आयोजित एक प्रकार की प्रतियोगी परीक्षा।
प्रदर्शनी - एनसीएससी/विज्ञान/आदि
(एनसीएससी) वर्ष 1993 में शुरू किया गया एक राष्ट्रव्यापी विज्ञान संचार कार्यक्रम है।
एक भारत श्रेष्ठ भारत
एक भारत श्रेष्ठ भारत कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों के बीच बातचीत को बढ़ाना और आपसी समझ को बढ़ावा देना है।
हस्तकला या शिल्पकला
अपने हाथों से चीज़ें बनाने से जुड़ी विविध प्रकार की गतिविधियों का वर्णन करता है।
मजेदार दिन
विभिन्न प्रकार के मनोरंजन और गतिविधियाँ प्रदान करने वाले संगठित कार्यक्रमों का एक दिन|
युवा संसद
युवा संसद युवाओं के लिए पेश किया जाने वाला एक मंच है जहां उन्हें एक नकली संसद की व्यवस्था और संसद जैसी बहस का अनुभव दिया जाता है।
पीएम श्री स्कूल
पीएम श्री स्कूल भारत सरकार द्वारा एक केंद्र प्रायोजित योजना है।
कौशल शिक्षा
कौशल शिक्षा में स्कूल 9वीं और 10वीं कक्षा के लिए एआई विषय की पेशकश करते हैं।
मार्गदर्शन एवं परामर्श
विद्यालय छात्रों को मार्गदर्शन और परामर्श प्रदान करता है।
सामाजिक सहभागिता
विद्यालय पीटीएम और ग्रैंड पेरेंट्स दिवस का आयोजन करता है।
विद्यांजलि
विद्यांजलि एक स्कूल स्वयंसेवी कार्यक्रम और निजी क्षेत्र की भागीदारी को बढ़ावा |
प्रकाशन
प्रकाशित करने का अर्थ सामग्री को आम जनता के लिए उपलब्ध कराना है।
समाचार पत्र
हमारे न्यूज़लेटर्स आपको हमारी शैक्षिक पहलों, घटनाओं और उपलब्धियों के बारे में बहुमूल्य जानकारी प्रदान करते हैं।
विद्यालय पत्रिका
विद्यालय पत्रिका एक दर्पण है जो संस्था की सर्वांगीण गतिविधियों को दर्शाती है।
देखें क्या हो रहा है ?
छात्रों के बारे में समाचार और कहानियाँ, और पूरे स्कूल में नवाचार
जुलाई 2026 में स्कूल परिसर में वन महोत्सव का आयोजन गया।
और पढ़ेंउपलब्धियाँ
शिक्षक
विद्यार्थी
नवाचार
सभी अपशिष्ट पदार्थों सहित वैक्यूम क्लीनर
एटीएल लैब छात्रों ने सभी अपशिष्ट पदार्थों से वैक्यूम क्लीनर बनाया। यह बेहद किफायती और उपयोगी प्रोजेक्ट है, जिसे मात्र 1 घंटे में पूरा किया है।
और पढ़ेंविद्यालय सी. बी. एस. ई. टॉपर्स
सी. बी. एस. ई. बोर्ड परीक्षा दसवीं और बारहवीं कक्षा
X (25-26)
XII (25-26)
दसवीं और बारहवीं कक्षा के पिछले चार वर्षों का परिणाम
वर्ष 2022-23
छात्र उपस्थित हुए 185 उत्तीर्ण हुए 172
वर्ष 2023-24
छात्र उपस्थित हुए 178 उत्तीर्ण हुए 177
वर्ष 2024-25
छात्र उपस्थित हुए 184 उत्तीर्ण हुए 184 पी आई 54.02
वर्ष 2025-26
छात्र उपस्थित हुए 204 उत्तीर्ण हुए 204
वर्ष 2022-23
छात्र उपस्थित हुए 238 उत्तीर्ण हुए 225
वर्ष 2023-24
छात्र उपस्थित हुए 159 उत्तीर्ण हुए 157
वर्ष 2024-25
छात्र उपस्थित हुए 139 उत्तीर्ण हुए 129 पी आई 59.66
वर्ष 2025-26
छात्र उपस्थित हुए 165 उत्तीर्ण हुए 160 पी.आई 58.77